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संधि

                              संधि संधि की परिभाषा दो वर्णों (स्वर या व्यंजन) के मेल से होने वाले विकार को संधि कहते हैं।   दूसरे अर्थ में-   संधि का सामान्य अर्थ है मेल। इसमें दो अक्षर मिलने से तीसरे शब्द रचना होती है , इसी को संधि कहते है। संधि का शाब्दिक अर्थ है- मेल या समझौता। जब दो वर्णों का मिलन अत्यन्त निकटता के कारण होता है तब उनमें कोई-न-कोई परिवर्तन होता है और वही परिवर्तन संधि के नाम से जाना जाता है। संधि विच्छेद-   उन पदों को मूल रूप में पृथक कर देना संधि विच्छेद हैै। जैसे- हिम + आलय= हिमालय (यह संधि है) , अत्यधिक= अति + अधिक (यह संधि विच्छेद है) यथा + उचित= यथोचित यशः + इच्छा= यशइच्छ अखि + ईश्वर= अखिलेश्वर आत्मा + उत्सर्ग= आत्मोत्सर्ग महा + ऋषि= महर्षि लोक + उक्ति= लोकोक्ति संधि निरथर्क अक्षरों मिलकर सार्थक शब्द बनती है। संधि में प्रायः शब्द का रूप छोटा हो ...